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टिकरी औऱ गाजीपुर बॉर्डर से बैरिकेडिंग हटने पर राकेश टिकैत ने तंज कसते हुवे कही ये बात…

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दिल्‍ली के टिकरी बॉर्डर पर बैरिकेडिंग हटाने के बाद अब दिल्ली पुलिस गाजीपुर बॉर्डर पर भी बैरिकेडिंग हटा रही है। इस पर किसान नेता राकेश टिकैत ने बयान भी दिया है और कहा है कि अब संसद जाने का रास्ता साफ हो गया है।

गाजीपुर में जिस राष्ट्रीय राजमार्ग-9 पर सैकड़ों किसान नवंबर 2020 से डटे हैं, वहां अब पुलिस अधिकारी और मजदूर लोहे की कीलों को हटाते हुए दिखे। ज्यादातर किसान भारतीय किसान यूनियन के हैं और किसानों की अगुवाई संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) कर रहा है।

बता दें कि केंद्र के तीन कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसानों की 26 जनवरी को दिल्ली में ट्रैक्टर परेड हुई थी, इसी दौरान यहां हिंसा भी हुई थी, जिसके बाद पुलिस ने यहां लोहे और सीमेंट के बैरिकेड्स और कांटेदार तार लगा दिए थे।

बैरिकेडिंग हटाने का काम सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर किया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट ने 21 अक्टूबर को ये निदेश दिया था कि दिल्ली के सीमावर्ती सिंघू, टिकरी और गाजीपुर में विरोध प्रदर्शनों के कारण बाधित सड़कों को खोला जाए।

इस मुद्दे पर भाकियू नेता राकेश टिकैत ने कहा है कि पीएम मोदी ने कहा था कि किसान कहीं भी फसल बेच सकते हैं। अगर सड़कें खुली रहीं तो हम अपनी फसल बेचने के लिए संसद भी जाएंगे। पहले हमारे ट्रैक्टर दिल्ली जाएंगे। हमने रास्ता नहीं रोका है। सड़क जाम करना हमारे विरोध का हिस्सा नहीं है। राकेश टिकैत ने ये बातें गाजीपुर में कहीं।

बता दें कि इससे पहले दिल्‍ली के टिकरी बॉर्डर पर पुलिस ने बैरिकेडिंग हटाई थी। जिससे अब लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। दिल्ली पुलिस और हरियाणा प्रशासन के बीच हुई मीटिंग के बाद ये फैसला लिया गया है।

हालांकि अभी किसानों के मंच के पास की बैरिकेडिंग नहीं हटी है, इसलिए ट्रैफिक शुरू नहीं हुआ है। पुलिस ने कीलें और पत्थर भी हटा दिए हैं। पूरा रास्ता साफ होने में 2 दिन का वक्त लगेगा।

बता दें कि बीते साल नवंबर में जब कृषि कानूनों के विरोध में किसान इकट्ठा हुए थे, इस दौरान उन्होंने राजधानी के चारों ओर की सीमाओं पर प्रदर्शन किया था, जिसके बाद पुलिस ने बड़े बैरिकेड्स, मोटी कीलें और कंक्रीट से रास्ता बंद कर दिया था। किसानों को रोकने के लिए ये फैसला लिया गया था।

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सोर्स – jansatta.com


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