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लुलु मॉल में नमाज पढ़ने वाले लोगों की हुवी पहचान, पुलिस ने 4 लोगों को पकड़ा

20220719 215106 min
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लखनऊ के लुलु मॉल (Lulu Mall) में बिना अनुमति नमाज पढ़ने के मामले में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया है. सभी आरोपी लखनऊ के इंदिरानगर इलाके के रहने वाले हैं. लखनऊ पुलिस ने एक प्रेस नोट जारी कर उन रिपोर्ट्स को भी खारिज किया है जिनमें कहा गया था कि मॉल के भीतर नमाज अदा करने वाले लोग हिंदू समुदाय से थे. मॉल के भीतर नमाज अदा करने का एक वीडियो 12 जुलाई को वायरल हुआ था.

लखनऊ के पुलिस कमिश्नर ध्रुवकांत ठाकुर ने बताया कि 19 जुलाई को गिरफ्तार किए गए चारों अभियुक्तों ने लुलु मॉल के अंदर नमाज अदा की थी. उन्होंने बताया कि चारों के खिलाफ धारा-153 (ए)(1), 341, 505 और 295 (ए) के तहत केस दर्ज किया गया है. गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद नोमान, मोहम्मद लोकमान, मोहम्मद रेहान और मोहम्मद आतिफ खान शामिल हैं.

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विवाद बढ़ने के बाद पुलिस ने मॉल के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला. आजतक से जुड़े संतोष शर्मा के मुताबिक सीसीटीवी देखने पर यह बात सामने आई कि नमाज अदा करने वाले लोग मॉल में खरीदारी करने नहीं आए थे. वहीं इन्होंने महज 18 सेकंड में ही नमाज पूरी कर ली थी. इनके साथ एक व्यक्ति भी आया था जिसने नमाज अदा करने के दौरान वीडियो बनाया.

नमाज अदा करने का वीडियो सामने आने के बाद लुलु मॉल के जनसंपर्क अधिकारी ने 14 जुलाई को अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया था. इसके बाद से ही पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी थी. थाना सुशांत गोल्फ सिटी की सर्विलांस टीम की मदद से उन्हें गिरफ्तार किया गया. मॉल के भीतर नमाज का वीडियो आने के बाद खूब विवाद हुआ. हिंदू संगठन के कुछ लोगों ने मॉल के भीतर हनुमान चालीसा पढ़ने की चेतावनी दी. 15 जुलाई को पुलिस ने सरोज नाथ योगी, कृष्ण कुमार पाठक, गौरव गोस्वामी और अरशद अली को गिरफ्तार किया था. इन सभी पर शांति व्यवस्था को बिगाड़ने का आरोप लगा. पुलिस के मुताबिक, पहले तीन युवक मॉल के भीतर पूजा करने की कोशिश कर रहे थे. वहीं अशरद अली नमाज अदा करने की कोशिश कर रहा था.

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लखनऊ पुलिस ने 18 जुलाई के प्रेस नोट में बताया कि लोग इन्हीं चार में से तीन आरोपियों को 12 जुलाई वाले वीडियो के लिए जिम्मेदार बता रहे हैं, जो पूरी तरह गलत है. पुलिस ने लुलु मॉल के पास सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश में 16 जुलाई को भी 18 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था. ये लोग मॉल के पास हनुमान चालीसा पढ़ रहे थे और नारेबाजी कर रहे थे.

मॉल के भीतर नमाज अदा करने का विवाद इतना बढ़ा कि यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी इस पर बयान दिया. उन्होंने बताया कि लखनऊ प्रशासन से कहा गया है कि जो भी लोग अराजकता की स्थिति पैदा कर रहे हैं उनके खिलाफ सख्ती बरती जानी चाहिए. इस बीच मामले में ताजा अपडेट ये है कि इन चारों को 15 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने इनकी कस्टडी रिमांड नहीं ली. वो बाकी आरोपियों की पहचान करने की भी कोशिश कर रही है.

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